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- Amazon India Store: https://www.amazon.in/dp/0062851829?tag=9natreehindi-21
- Amazon Worldwide Store: https://global.buys.trade/The-Prosperity-Paradox%3A-How-Innovation-Can-Lift-Nations-Out-of-Poverty-Clayton-M-Christensen.html
- Apple Books: https://books.apple.com/us/audiobook/the-prosperity-paradox/id1447895847?itsct=books_box_link&itscg=30200&ls=1&at=1001l3bAw&ct=9natree
- eBay: https://www.ebay.com/sch/i.html?_nkw=The+Prosperity+Paradox+How+Innovation+Can+Lift+Nations+Out+of+Poverty+Clayton+M+Christensen+&mkcid=1&mkrid=711-53200-19255-0&siteid=0&campid=5339060787&customid=9natree&toolid=10001&mkevt=1
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#बाजारनिर्मातानवाचार #गैरउपभोक्ता #पुलआधारितमांग #दक्षतानवाचार #समृद्धिप्रक्रिया #TheProsperityParadox
द प्रॉस्पेरिटी पैराडॉक्स क्लेटन एम क्रिस्टेंसन, इफोसा ओजोमो और कैरन डिलन की आर्थिक विकास और नवाचार पर केंद्रित गैरकथात्मक पुस्तक है. यह उस प्रचलित धारणा को चुनौती देती है कि गरीबी का स्थायी समाधान मुख्यतः सहायता, बुनियादी ढांचे, बेहतर कानूनों या संसाधनों के बड़े प्रवाह से निकलेगा. लेखक इन उपायों की मानवीय उपयोगिता से इनकार नहीं करते, लेकिन कहते हैं कि वे अपने आप टिकाऊ समृद्धि पैदा नहीं करते. पुस्तक का केंद्रीय प्रस्ताव है कि बाजार-निर्माता नवाचार, अर्थात जटिल और महंगे उत्पादों या सेवाओं को सरल तथा किफायती बनाकर गैर-उपभोक्ताओं तक पहुंचाना, रोजगार, संस्थाएं और व्यापक आर्थिक गतिविधि पैदा कर सकता है. अमेरिका, जापान, दक्षिण कोरिया, मेक्सिको, नाइजीरिया और अन्य संदर्भों के उदाहरणों के सहारे लेखक ऊपर से संचालित विकास मॉडल के बजाय उद्यमिता-आधारित दृष्टि प्रस्तुत करते हैं. इसका उद्देश्य गरीबी को केवल संसाधनों की कमी नहीं, बल्कि अनसुलझी मानवीय समस्याओं और अनुपस्थित बाजारों के रूप में समझना है.